Monday, 31 March 2014

नारी तो केवल है श्रद्धा


नारी 
शक्ति
है शिव की 
प्रेरणा 
है पुरुष की 
अधूरे 
है दोनों 
इक दूजे 
के बिना 
फिर भी 
होती 
सदा नारी 
अपमानित 
और 
पड़ताड़ित 
पुरुष 
द्वारा 
माँ बेटी 
बहन 
बन पत्नी 
सदा संवारे
जीवन
उसका 
न जाने 
क्यों 
टकराता 
अहम उसका 
नारी से 
समझ पाता 
काश 
यह पुरुषों 
का 
समाज 
नारी 
तो केवल 
है श्रद्धा 
और 
मूरत 
त्याग की 

रेखा जोशी