Tuesday, 14 July 2015

अद्धभुत मिलन देखों सूरज चँदा का

है  चूम  रहा   सूरज   छोर  धरा का
रोशन  है  ऊपर   दीप  आसमाँ  का
रश्मियों  से  दोनों  की  जीवन  फले
अद्धभुत मिलन देखों सूरज चँदा का

रेखा जोशी