Sunday, 7 December 2014

महका जाते तन्हाईयाँ हमारी

ख्यालों में मेरे
तुम
आते हो अक्सर
आते है याद
हमे
वो लम्हे मुहब्बत के
जब
मै और तुम
हाथो में लिए हाथ
खो जाते
इक दूजे में
होती थी बातें
निगाहों से हमारी
मचल उठते है अरमान
आज भी
महका जाते 
तन्हाईयाँ हमारी
जब आते हो तुम
ख्यालों में मेरे

रेखा जोशी